
▪️मुंबई। गणेशोत्सव के अंतिम चरण में मुंबई गणपति विसर्जन के लिए पूरी तरह तैयार है। अनंत चतुर्दशी के दिन बड़ी संख्या में श्रद्धालु अपने लाडले बप्पा को विदाई देंगे। शहर में विसर्जन स्थलों, रेलवे और यातायात व्यवस्था के साथ श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए भी विशेष इंतजाम किए गए हैं।
2026 में गणेश चतुर्थी 14 सितंबर को शुरू हुई थी और 10 दिवसीय गणेशोत्सव का समापन अनंत चतुर्दशी के साथ होगा। हालांकि कई घरों और सार्वजनिक मंडलों में स्थापित गणेश प्रतिमाओं का विसर्जन परंपरा के अनुसार पहले ही किया जा चुका है, लेकिन अंतिम दिन मुंबई की सड़कों पर सबसे बड़े विसर्जन जुलूस देखने को मिलते हैं।
- 383 कृत्रिम विसर्जन तालाब तैयार
बृहन्मुंबई महानगरपालिका ने प्राकृतिक जलस्रोतों पर भीड़ और दबाव कम करने के लिए शहर में 383 से अधिक कृत्रिम विसर्जन तालाब तैयार किए हैं। प्रमुख विसर्जन स्थलों पर बड़ी संख्या में अधिकारी और कर्मचारी तैनात रहेंगे। गिरगांव चौपाटी जैसे प्रमुख स्थानों पर मूर्तियां उठाने के लिए क्रेन, एंबुलेंस, मोटरबोट, शौचालय और निगरानी व्यवस्था की गई है। निर्माल्य संग्रह के लिए भी अलग व्यवस्था रहेगी।
- रात में चलेंगी विशेष लोकल ट्रेनें
विसर्जन के दौरान देर रात तक यात्रा करने वाले श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए मध्य रेलवे ने विशेष रात की लोकल सेवाओं की व्यवस्था की है। गणेशोत्सव के दौरान 22 विशेष रात्रिकालीन उपनगरीय सेवाएं चलाने की घोषणा की गई है। ये सेवाएं प्रमुख मार्गों पर यात्रियों को सुविधा देंगी।
पश्चिम रेलवे ने भी 25 सितंबर को गिरगांव चौपाटी के आसपास बढ़ने वाली भीड़ को देखते हुए चर्नी रोड स्टेशन पर ट्रेनों के ठहराव की व्यवस्था में बदलाव किया है।
- जेवीएलआर पर भारी वाहनों पर रोक
विसर्जन जुलूस और श्रद्धालुओं की भीड़ को देखते हुए मुंबई यातायात पुलिस ने जोगेश्वरी-विखरोली लिंक रोड (जेवीएलआर) पर भारी वाहनों की आवाजाही पर प्रतिबंध लगाया है। अनंत चतुर्दशी के दौरान यह प्रतिबंध 25 सितंबर को सुबह 10 बजे से 26 सितंबर दोपहर 12 बजे तक लागू रहेगा।
प्रशासन ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों में सावधानी बरतें, बच्चों और बुजुर्गों का विशेष ध्यान रखें तथा विसर्जन के दौरान प्रशासन और पुलिस द्वारा जारी निर्देशों का पालन करें।
