
▪️मुंबई। आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की दुनिया में भारतीय मूल के तकनीकी विशेषज्ञों की मौजूदगी लगातार बढ़ रही है। इसी कड़ी में OpenAI के एप्लिकेशन CTO विजय राजी और Anthropic के CTO राहुल पाटिल की कहानी खास है। दोनों ने IIT से पढ़ाई नहीं की, लेकिन इंजीनियरिंग शिक्षा, बड़ी टेक कंपनियों में अनुभव और अपने तकनीकी कौशल के दम पर दुनिया की प्रमुख AI कंपनियों में शीर्ष जिम्मेदारियों तक पहुंचे हैं। TIME की पहली ‘Executives of the Year: Tech & Data’ सूची में दोनों को 50 प्रमुख टेक और डेटा लीडर्स में शामिल किया गया है।
• पुडुचेरी से OpenAI तक विजय राजी
विजय राजी ने पुडुचेरी इंजीनियरिंग कॉलेज से इंजीनियरिंग की पढ़ाई की और 1999 में स्नातक हुए। इसके बाद उन्होंने माइक्रोसॉफ्ट में करीब एक दशक काम किया और 2011 में फेसबुक से जुड़े। बाद में उन्होंने Statsig नाम की कंपनी शुरू की, जो सॉफ्टवेयर प्रोडक्ट्स में प्रयोग और डेटा आधारित फैसलों के लिए तकनीक विकसित करती थी। 2025 में OpenAI ने Statsig को करीब 1.1 अरब डॉलर में खरीदा। इसके बाद राजी OpenAI के एप्लिकेशन CTO बने। उनके दायरे में डेटा, एक्सपेरिमेंटेशन और ग्रोथ जैसी तकनीकी टीमें शामिल हैं।
• बेंगलुरू से Anthropic तक राहुल पाटिल
राहुल पाटिल का जन्म और पालन-पोषण बेंगलुरू में हुआ। उन्होंने PESIT से कंप्यूटर साइंस में इंजीनियरिंग की और 2002 में स्नातक हुए। इसके बाद अमेरिका में Arizona State University से मास्टर्स और University of Washington से MBA किया। उनके करियर में Oracle, Microsoft, Amazon Web Services और Stripe जैसी कंपनियां शामिल रहीं। 2025 में उन्हें Anthropic का CTO नियुक्त किया गया। कंपनी में वे प्रोडक्ट, कंप्यूट, इंफ्रास्ट्रक्चर, डेटा साइंस और सुरक्षा से जुड़ी इंजीनियरिंग टीमों का नेतृत्व करते हैं।
दोनों की यात्रा यह दिखाती है कि शीर्ष तकनीकी नेतृत्व तक पहुंचने के रास्ते एक जैसे नहीं होते। भारत के इंजीनियरिंग कॉलेजों से शुरुआत, वैश्विक टेक कंपनियों का अनुभव और लंबे समय तक तकनीक के क्षेत्र में काम करने के बाद दोनों ने AI उद्योग में महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां संभाली हैं। उनकी उपलब्धियों ने भारतीय मूल के तकनीकी विशेषज्ञों की वैश्विक उपस्थिति को भी एक बार फिर चर्चा में ला दिया है।
