
▪️मुंबई
गणेशोत्सव से पहले महाप्रसाद और भंडारे को लेकर खाद्य एवं औषधि प्रशासन (एफडीए) की सख्ती ने गणेश मंडलों की चिंता बढ़ा दी है। एफडीए ने महाप्रसाद की गुणवत्ता और खाद्य सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए नियमों को लेकर बैठक बुलाई है। वहीं, गणेश मंडलों ने बैठक के समय और नियम लागू करने के तरीके पर आपत्ति जताई है।
एफडीए की ओर से गणेशोत्सव के दौरान आयोजित होने वाले भंडारों और महाप्रसाद पर निगरानी बढ़ाने की तैयारी की जा रही है। विभाग का कहना है कि सार्वजनिक रूप से वितरित किए जाने वाले भोजन की गुणवत्ता और स्वच्छता से समझौता नहीं किया जा सकता। इसके लिए महाप्रसाद तैयार करने और वितरित करने को लेकर मानक संचालन प्रक्रिया तैयार की जा रही है।
गणेशोत्सव समन्वय समिति का कहना है कि उत्सव शुरू होने में अब कुछ ही दिन बचे हैं। समिति के अध्यक्ष नरेश दहिबावकर का कहना है कि खाद्य सुरक्षा जरूरी है, लेकिन महाप्रसाद की परंपरा और मंडलों की वास्तविक परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए नियमों में लचीलापन होना चाहिए। एफडीए आयुक्त तुकाराम मुंढे ने स्पष्ट किया है कि भंडारा आयोजित करने से पहले एफडीए की अनुमति लेना जरूरी होगा।
