
● सांगली
निरंकारी सतगुरु माता सुदीक्षा जी महाराज एवं निरंकारी राजपिता जी के पावन सान्निध्य में एक भव्य सामूहिक विवाह समारोह का आयोजन किया गया। महाराष्ट्र के 59वें वार्षिक निरंकारी संत समागम के विधिवत समापन के पश्चात सांगलवाड़ी (सांगली) स्थित समागम स्थल पर आयोजित इस समारोह में देश के विभिन्न राज्यों से आए 82 जोड़े वैवाहिक बंधन में बंधे। इनमें मुंबई महानगर प्रदेश के 54 जोड़े शामिल रहे।
समारोह में पारंपरिक जयमाला के साथ निरंकारी विवाह की विशिष्ट पहचान ‘सांझा-हार’ प्रत्येक जोड़े को पहनाया गया। इसके बाद आदर्श गृहस्थ जीवन का संदेश देने वाली निरंकारी लावों का पठन हुआ।

अपने आशीर्वचनों में सतगुरु माता सुदीक्षा जी महाराज ने नवविवाहित युगलों को आपसी प्रेम, सम्मान, सहयोग और समर्पण के साथ जीवन पथ पर आगे बढ़ने की प्रेरणा दी।
महाराष्ट्र, उत्तर प्रदेश, कर्नाटक एवं छत्तीसगढ़ के विभिन्न जिलों से आए 82 युगलों की सहभागिता इस आयोजन को राष्ट्रीय स्वरूप देती नजर आई। विवाह उपरांत सभी के लिए भोजन की समुचित व्यवस्था की गई।
