धर्मसूर्य

● सूर्यकांत उपाध्याय एक दिन बलराम सहित ग्वाल-बाल खेलते-खेलते यशोदा के पास पहुँचे और बोले- “माँ! कृष्ण...
● सूर्यकांत उपाध्याय राजमहल के द्वार पर भारी भीड़ थी। एक फकीर सम्राट से भिक्षा माँगने आया...
● सूर्यकांत उपाध्याय एक गाँव में एक बुढ़िया रहती थी। उसका इकलौता बेटा था, जिसके विवाह का...