- मुंबई। मुंबईवासियों के लिए राहत की खबर है। लगातार हो रही मानसूनी बारिश के चलते शहर को पेयजल उपलब्ध कराने वाली सातों झीलों का जल भंडार तेजी से बढ़कर 89.08 प्रतिशत तक पहुंच गया है। रविवार सुबह तक इन जलाशयों में 12.89 लाख मिलियन लीटर से अधिक पानी संग्रहित हो चुका है, जिससे आने वाले महीनों में जलापूर्ति को लेकर स्थिति काफी मजबूत मानी जा रही है।

चार प्रमुख जलाशय अब भी ओवरफ्लो हो रहे हैं। विहार और तुलसी झीलें 7 जुलाई से, तानसा 22 जुलाई से और मोडक सागर 23 जुलाई से लगातार छलक रहे हैं। इनमें मोडक सागर और विहार पूरी तरह भर चुके हैं, जबकि तानसा 99.58 प्रतिशत, तुलसी 99.46 प्रतिशत, मिडिल वैतरणा 91.65 प्रतिशत, भातसा 87.14 प्रतिशत और अपर वैतरणा 78.39 प्रतिशत क्षमता तक भर चुका है।
पिछले 24 घंटों में सबसे अधिक 112 मिमी बारिश अपर वैतरणा क्षेत्र में दर्ज की गई। इसके अलावा मिडिल वैतरणा में 66 मिमी, मोडक सागर में 58 मिमी, भातसा में 30 मिमी, तानसा में 25 मिमी और तुलसी में 9 मिमी वर्षा हुई। भांडुप परिसर में भी 11 मिमी बारिश दर्ज की गई, जिससे इस मानसून में वहां कुल वर्षा 2,296 मिमी तक पहुंच गई।
पिछले वर्ष इसी अवधि में झीलों का जल भंडार 89.94 प्रतिशत था, जबकि वर्ष 2024 में यह केवल 80.45 प्रतिशत था।
