■ भारत–श्रीलंका में खेलने से इनकार

● ढाका
बांग्लादेश ने 2026 में भारत और श्रीलंका की संयुक्त मेज़बानी में होने वाले टी20 वर्ल्ड कप में हिस्सा न लेने का निर्णय लिया है। इस फैसले की घोषणा बांग्लादेश सरकार के खेल सलाहकार आसिफ नजरुल ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में की। उन्होंने स्पष्ट किया कि यह निर्णय खिलाड़ियों की सुरक्षा को लेकर जताई गई गंभीर चिंताओं के मद्देनज़र लिया गया है।
आसिफ नजरुल ने कहा कि बांग्लादेश की इच्छा सभी अंतरराष्ट्रीय टूर्नामेंट में भाग लेने की रहती है, लेकिन भारत में खिलाड़ियों की सुरक्षा को लेकर आशंकाएं लगातार बनी हुई हैं। उन्होंने कहा कि आईसीसी भले ही सुरक्षा के पुख्ता इंतज़ामों का दावा करे, लेकिन हालिया घटनाक्रम ने भरोसे पर सवाल खड़े किए हैं।
खेल सलाहकार ने बताया कि विवाद की शुरुआत एक प्रमुख खिलाड़ी को टीम से बाहर किए जाने के बाद हुई। उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा कि यदि मुस्तफिजुर रहमान जैसे खिलाड़ी की सुरक्षा को लेकर भी आश्वस्त नहीं हुआ जा सकता, तो पूरी टीम की सुरक्षा पर विश्वास करना कठिन हो जाता है।
आसिफ नजरुल ने यह भी स्पष्ट किया कि खिलाड़ियों से की गई बातचीत पूरी तरह निजी थी और उसका उद्देश्य केवल उनकी राय जानना था। उन्होंने कहा, “मैं अपने खिलाड़ियों को किसी भी तरह के खतरे में नहीं डाल सकता। यह सरकार का सामूहिक फैसला है और खिलाड़ियों की सुरक्षा हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता है।”
बांग्लादेश के इस फैसले से न केवल टूर्नामेंट की तैयारियों पर असर पड़ने की संभावना है, बल्कि टी20 वर्ल्ड कप के समीकरण भी बदल सकते हैं। अब अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद और मेज़बान देशों की प्रतिक्रिया पर सभी की नजरें टिकी हैं।
