■ मानसून पर टिकी मुंबई की प्यास

● मुंबई
मुंबई में जल संकट की चिंता बढ़ गई है क्योंकि शहर के पास फिलहाल केवल लगभग 45 दिनों का पानी भंडार बचा है। इस स्थिति ने प्रशासन की चिंता और बढ़ा दी है, खासकर तब जब भारतीय मौसम विभाग (आई एम डी ) ने इस साल मानसून सामान्य से कम, यानी लगभग 90 प्रतिशत रहने का अनुमान जताया है।
बारिश पर पूरी तरह निर्भर मुंबई के लिए यह संकेत खतरे की घंटी है। इसी को देखते हुए बृहन्मुंबई महानगरपालिका (बी एम सी ) ने पहले ही 10 प्रतिशत पानी कटौती लागू कर दी है। साथ ही, पानी के टैंकरों की कड़ी निगरानी शुरू कर दी गई है ताकि किसी तरह की गड़बड़ी या दुरुपयोग रोका जा सके।
बी एम सी अधिकारियों ने हाल ही में बैठक कर अगले साल यानी गर्मी 2027 तक पानी की आपूर्ति बनाए रखने की रणनीति तैयार करने पर चर्चा की। प्रशासन ने नागरिकों से भी अपील की है कि वे पानी का सावधानीपूर्वक और सीमित उपयोग करें।
आने वाले दो महीने बेहद महत्वपूर्ण माने जा रहे हैं। यदि मानसून समय पर और पर्याप्त मात्रा में नहीं आया, तो मुंबई को गंभीर जल संकट का सामना करना पड़ सकता है।
