
▪️मुंबई। भारतीय ज्ञान परंपरा के संरक्षण, संवर्धन और प्रसार के लिए एशियाटिक सोसायटी ऑफ मुंबई को आगे आना चाहिए। संस्था के ज्ञान भंडार का डिजिटलीकरण कर इसे देशभर के विद्यार्थियों, शोधकर्ताओं और अध्येताओं के लिए उपलब्ध कराया जाए। साथ ही देशभर के पुस्तकालयों और शोध संस्थानों को एक साझा मंच से जोड़ा जाए, यह आह्वान केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने किया।
टाउन हॉल में एशियाटिक सोसायटी ऑफ मुंबई की नवनिर्वाचित समिति के परिचय कार्यक्रम में वे बोल रहे थे। प्रसिद्ध उद्योगपति रमेश दंडवते ने एशियाटिक सोसायटी के सशक्तीकरण के लिए 50 लाख रुपए की सहायता प्रदान की। इसके लिए उनका सम्मान किया गया।
अमित शाह ने कहा कि किसी राष्ट्र की स्मृति, इतिहास, संस्कार, भाषा, अभिलेख और परंपराओं का संरक्षण अत्यंत महत्वपूर्ण है। जो राष्ट्र अपने इतिहास और सांस्कृतिक परंपराओं की रक्षा करता है, उसकी अस्मिता कभी समाप्त नहीं होती। अनेक चुनौतियों के बावजूद भारतीय ज्ञान परंपरा आज भी कायम है। ज्ञान किसी सीमा में बंद नहीं होना चाहिए, बल्कि इसका लाभ देश के साथ पूरी दुनिया के कल्याण के लिए होना चाहिए।
अमित शाह ने ‘ज्ञान भारत राष्ट्रीय पांडुलिपि मिशन’ में सक्रिय भागीदारी का आह्वान करते हुए कहा कि गांवों और विद्वानों के घरों में संरक्षित दुर्लभ पांडुलिपियों की खोज, संग्रह, संरक्षण और शोध के लिए विशेष अभियान चलाया जाना चाहिए।
- एशियाटिक सोसायटी का कार्य और व्यापक हो -फडणवीस

मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि एशियाटिक सोसायटी के कार्य को व्यापक स्वरूप देने के लिए राज्य सरकार का पूरा सहयोग मिलेगा। इतिहास केवल अतीत को समझने का माध्यम नहीं, बल्कि वर्तमान को दिशा देने और भविष्य की गति निर्धारित करने वाली महत्वपूर्ण कड़ी है। मानवता की यात्रा, विचारों के विकास, अध्ययन पद्धतियों और विभिन्न शास्त्रों के विकास का दस्तावेजीकरण आवश्यक है।
- एशियाटिक के 222 वर्ष पुराने गौरवशाली वारसे का संरक्षण होगा -शिंदे

उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने कहा कि एशियाटिक सोसायटी का 222 वर्ष पुराना गौरवशाली इतिहास है। प्राचीन ग्रंथों, पांडुलिपियों और सिक्कों का संरक्षण आने वाली पीढ़ियों के लिए आवश्यक है। इस विरासत के संरक्षण और संवर्धन के लिए मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के नेतृत्व में राज्य सरकार संस्था को हरसंभव सहयोग देगी। उन्होंने गणेशोत्सव की पूर्व संध्या पर आयोजित कार्यक्रम के लिए आयोजकों को बधाई भी दी।
- ‘गणेश ज्ञानारती’ प्रदर्शनी का उद्घाटन
केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने एशियाटिक सोसायटी ऑफ मुंबई में ‘गणेश ज्ञानारती’ प्रदर्शनी का उद्घाटन किया। उन्होंने प्रदर्शनी का अवलोकन कर वहां प्रदर्शित ऐतिहासिक एवं सांस्कृतिक धरोहरों की जानकारी ली। एशियाटिक सोसायटी ऑफ मुंबई के अध्यक्ष डॉ. विनय सहस्रबुद्धे ने प्रस्तावना रखी, जबकि आभार सचिव विनय गणपुले ने व्यक्त किया।
