- 1.22 करोड़ मतदाताओं के रिकॉर्ड में मिली थीं विसंगतियां, नाम जोड़ने और सुधार के लिए 21.7 लाख आवेदन प्राप्त

- मुंबई। महाराष्ट्र में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) की प्रक्रिया अंतिम चरण में पहुंच गई है। निर्वाचन आयोग के अनुसार, मतदाता विवरण में गड़बड़ी और पुराने रिकॉर्ड से मिलान नहीं होने के कारण चिह्नित मामलों में से 97.16 प्रतिशत का सत्यापन पूरा कर लिया गया है। अंतिम मतदाता सूची 30 नवंबर को प्रकाशित की जाएगी।
मसौदा मतदाता सूची में शामिल करीब 7.72 करोड़ मतदाताओं में से 1.22 करोड़ के रिकॉर्ड में विसंगतियां मिली थीं। इनमें 59.7 लाख मतदाताओं का वर्ष 2002 की मतदाता सूची से मिलान नहीं हो पाया, जबकि 62.5 लाख के नाम, उम्र और अन्य विवरणों में तार्किक गड़बड़ियां सामने आईं।
आयोग के मुताबिक, तार्किक विसंगतियों वाले 97.94 प्रतिशत और पुराने रिकॉर्ड से मिलान नहीं होने वाले 96.35 प्रतिशत मामलों का सत्यापन पूरा हो चुका है। शेष मतदाताओं को दस्तावेज जमा करने के लिए 25 नवंबर तक का समय दिया गया है।
- घर जाकर दस्तावेज जुटाएंगे बीएलओ
मुख्य निर्वाचन अधिकारी एस. चोकलिंगम के अनुसार, बूथ लेवल अधिकारी (बीएलओ) शेष मतदाताओं के घर जाकर दस्तावेज एकत्र करेंगे। इन्हें ईसीआईनेट पोर्टल पर अपलोड कर निर्वाचक पंजीकरण अधिकारियों के समक्ष प्रस्तुत किया जाएगा।
इस बीच, मतदाता सूची में नाम जोड़ने के लिए फॉर्म-6 के तहत 14.1 लाख, नाम हटाने के लिए फॉर्म-7 के तहत 92,436 और विवरण में सुधार के लिए फॉर्म-8 के तहत 6,75,338 आवेदन मिले हैं। इस तरह कुल 21.7 लाख आवेदन प्राप्त हुए हैं। आयोग ने शेष सत्यापन और दावों के निपटारे के बाद 30 नवंबर को अंतिम सूची जारी करने की तैयारी की है।
