
● मुंबई
सुप्रसिद्ध कवयित्री, शायरा और लेखिका डॉ. सुमन जैन के ग़ज़ल संग्रह ‘इसी का नाम जीवन है’ का विमोचन शनिवार की सांय मुंबई के चर्चगेट स्थित इंडियन मर्चेंट चेंबर के भव्य सभागृह में साहित्यिक गरिमा और सांस्कृतिक उल्लास के बीच संपन्न हुआ। यह अवसर साहित्यप्रेमियों के लिए स्मरणीय बन गया, जब शब्द, संवेदना और जीवन-दर्शन एक साथ मंच पर उपस्थित दिखाई दिए।
कार्यक्रम में पद्मभूषण राजश्री बिरला, वरिष्ठ ग़ज़लकार डॉ. नंदलाल पाठक तथा डॉ. विशाला शर्मा की गरिमामय उपस्थिति ने समारोह की शोभा बढ़ाई। अतिथियों ने डॉ. सुमन जैन के रचनात्मक व्यक्तित्व की सराहना करते हुए कहा कि उनका यह ग़ज़ल संग्रह जीवन के विविध रंगों, संघर्षों और संवेदनाओं को बेहद सहज और प्रभावशाली ढंग से अभिव्यक्त करता है।
कार्यक्रम का सफल संचालन देवमणि पांडेय ने किया। इस दौरान रासबिहारी पांडेय सहित अन्य रचनाकारों ने अपनी रचनाओं की प्रस्तुति देकर श्रोताओं को भावनात्मक और साहित्यिक आनंद से सराबोर कर दिया। सभागृह में उपस्थित श्रोताओं ने तालियों के साथ इन प्रस्तुतियों का स्वागत किया।
इस साहित्यिक संध्या में शिक्षा, साहित्य, चिकित्सा, समाजसेवा और अन्य क्षेत्रों से जुड़ी कई प्रतिष्ठित हस्तियां मौजूद रहीं। सभी ने एक स्वर में इस तरह के आयोजनों को साहित्य और संस्कृति के संवर्धन के लिए आवश्यक बताया तथा डॉ. सुमन जैन को उनके नए ग़ज़ल संग्रह के लिए शुभकामनाएं दीं।
