Saddvarta

मोहन बेटा! मैं तुम्हारे काका के घर जा रहा हूँ… ‘क्यों पिताजी? और आप आजकल काका के...
एक संन्यासी बरसाना में रहता था। वह हर रोज सुबह उठकर यमुना में स्नान करके राधा रानी...