
● मुंबई
देश की आर्थिक राजधानी मुंबई में बदहाल सड़कों और हर साल बारिश में उभरने वाले गड्ढों की समस्या से निजात दिलाने के लिए बृहनमुम्बई म्युनिसिपल कारपोरेशन (बीएमसी) ने व्यापक योजना पर काम तेज कर दिया है। शहर की लगभग 700 किलोमीटर सड़कों को कंक्रीट में बदलने की महत्वाकांक्षी परियोजना को दो चरणों में पूरा किया जाएगा।
मनपा आयुक्त अश्विनी भिड़े ने समीक्षा बैठक के दौरान बताया कि पहले चरण में करीब 300 किलोमीटर सड़कों का कंक्रीटीकरण दिसंबर 2026 तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। इसके बाद दूसरे चरण में 391 किलोमीटर सड़कों का कार्य मई 2027 तक पूर्ण करने की योजना है।
वर्ष 2022 में शुरू की गई इस परियोजना का मुख्य उद्देश्य बरसात के दौरान बनने वाले गड्ढों की समस्या का स्थायी समाधान करना है। कंक्रीट की सड़कें डामर की तुलना में अधिक टिकाऊ और लंबे समय तक सुरक्षित रहती हैं, जिससे बार-बार मरम्मत की जरूरत कम होती है और नागरिकों को बेहतर यातायात सुविधा मिलती है।
इस योजना की परिकल्पना उप मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने अपने मुख्यमंत्री कार्यकाल के दौरान की थी। अब इसे प्राथमिकता के साथ लागू किया जा रहा है, ताकि शहर की यातायात व्यवस्था को अधिक सुगम और सुरक्षित बनाया जा सके।
विशेषज्ञों के अनुसार, यदि यह परियोजना तय समयसीमा में पूरी हो जाती है, तो न केवल ट्रैफिक व्यवस्था में सुधार होगा, बल्कि सड़क दुर्घटनाओं में भी उल्लेखनीय कमी आ सकती है।
