
● विनीत त्रिपाठी@वाराणसी
दशाश्वमेध घाट स्थित सप्तमात्रिका सिद्ध पीठ बड़ी शीतला माता के वार्षिक श्रृंगार महोत्सव की पहली निशा मंगलवार देर रात चतुर्दशी तिथि में माँ शीतला को गंगा जल, गुलाब जल समेत पंचामृत से स्नान करा कर चंदन लेपन किया गया । नूतन वस्त्र व आभूषण से श्रृंगार कर झांकी सजाई गई पंडित अविनाश पांडेय ( सुट्टू महाराज ) ने माँ को स्वर्ण मुखौटा धारण कराया।

माँ शीतला को फल, मिष्ठान , गुलगुला, हलवा, पूड़ी , चना , बतासा , दही का थाल सजाकर अर्पित किया गया । शीतला दल, कसेरा समाज , माँझी समाज, स्वर्णकार समाज , व्यापारी समाज , यादव समाज के लोग बधावा शोभायात्रा के साथ पहुंचे और माँ शीतला को भोग अर्पित किया ।

महंत परिवार ने राष्ट्र के खुशहाली की कामना से देर रात २:३० बजे गंगा स्नान- पूजन के बाद मंदिर में प्रवेश किया । महंत पंडित शिवप्रसाद पांडेय ने ११ किलो कपूर, घी के सैकड़ो दीपों की शृंखला वाली आरती से डमरू, घंटा, घड़ियाल , शंख ध्वनि के बीच विराट आरती की गई ।
